Tuesday, January 26, 2021
Home बिहार धरहरा में नहीं है एक भी डिग्री कॉलेज

धरहरा में नहीं है एक भी डिग्री कॉलेज

उच्च शिक्षा ग्रहण करने से वंचित हो रहे है छात्र

सीएम, डीएम व कुलपति से धरहरा में डिग्री कॉलेज खोले जाने की मांग

डॉ शशि कांत सुमन

मुंगेर। धरहरा प्रखंड में एक भी सरकारी डिग्री कालेज नहीं होने के कारण निर्धन छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा ग्रहण करने से वंचित होना पड़ रहा है। सरकार भले ही शिक्षा के मद में अरबों रुपये खर्च कर रही है। लेकिन यहां उच्च शिक्षा की हकीकत कुछ और ही कहानी बयां कर रही है। वर्षो से धरहरा वासी डिग्री कॉलेज खोले जाने की मांग कर रहे है,लेकिन अब तक धरहरा में एक भी डिग्री कॉलेज नहीं खुल पाया है।

स्नातक नही कर पा रही है बच्चियां

प्रखंड में एक मात्र लक्ष्मी देवी कॉलेज है। जहां सिर्फ इंटर तक की पढ़ाई होती है। जबकि प्रखंड में दर्जनभर प्लस टू उच्च विद्यालय है। इन विद्यालयों से प्रतिवर्ष एक हजार से अधिक छात्र -छात्राएं इंटर उत्तीर्ण करते है। लेकिन प्रखंड में एक भी उच्च शिक्षा ग्रहण करने के लिए कॉलेज नहीं रहने के कारण जहां छात्र तो किसी तरह अन्य शहरों में नामांकन करा करके शिक्षा ग्रहण करते है। वही कॉलेज की अत्यधिक दूरी रहने के कारण गरीब छात्र शिक्षा ग्रहण नहीं कर पाते है। वहीं बच्चियों को सुरक्षा को देखते हुए अभिभावक शिक्षा ग्रहण अन्यत्र नहीं भेजना चाहते है।


प्रखण्ड में डिग्री कॉलेज नहीं रहने के कारण जाना पड़ता है अन्य शहर

प्रखंड में डिग्री कालेज नहीं रहने के कारण छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा ग्रहण करने के लिए जमालपुर, मुंगेर, अभयपुर, भागलपुर सहित अन्य शहरों में जाना पड़ता है। अभिभावक प्रवीण कुमार सिंह, दीनबंधु सिंह, राजद प्रखंड अध्यक्ष रामबालक यादव ने बताया कि प्रत्येक अभिभावक को अपने बच्चों की पढ़ाई के लिए प्रत्येक माह आवास तथा भोजन उपलब्ध कराने में तकरीबन तीन हजार रुपये खर्च करने पड़ रहे हैं। उनका कहना है कि यहां डिग्री कालेज खुल जाने से अभिभावकों को काफी राहत मिलती। डिग्री कॉलेज नहीं रहने के कारण अरवल सहित आसपास के गांवों के विद्यार्थियों को मजबूरन दूसरे शहर में जाना पड़ रहा है। लेकिन धरहरा में अब तक कोई व्यवस्था नहीं किया गया। प्रखंड के दर्जनों अभिभावकों व छात्रों ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, डीएम रचना पाटिल, मुंगेर विश्वविद्यालय के कुलपति रंजीत कुमार वर्मा से धरहरा में डिग्री कॉलेज खोले जाने की मांग की है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments